दैनिक नवज्योति: Live Hindi News - Latest News in Hindi - Hindi News Paper - हिंदी में समाचार - Dainik Navajyoti Since 1936
Dainik Navajyoti Logo
Sunday 17th of February 2019
Home  >  Photo Gallery   >  Photo
JLF में दुनियाभर से जुटे लेखकों ने की शब्दों की बारिश
  • जयपुर में साहित्य के महाकुंभ JLF का आगाज शंखनाद के साथ हुआ, जिसमें दुनियाभर से जुटे लेखकों ने शब्दों की बारिश की
  • जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में प्रसिद्ध गीतकार गुलजार और मेघना गुलजार ने पिता पुत्री के अपने रिश्ते के बारे में खुल कर बात की और इसके जरिए परवरिश के वो तरीके भी बताए जिनके जरिए बच्चों को बेहतर ढंग से बड़ा किया जा सकता है।
  • जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में ‘न्यू काइंड आॅफ ब्यूटी’ सत्र में मनीषा कोइराला ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ने के बाद हमेशा खूबसूरत दिखना बोझ बन गया था।
  • मुगल टैंट में आयोजित सत्र ‘कुम्भ दी ग्रेटेस्ट गेदरिंग आॅन अर्थ’ कुम्भ पर बातचीत हुई। इस दौरान हरीश त्रिवेदी ने कहा कि कुम्भ जब शुरू हुआ था तब 60 के दशक के दौरान कुम्भ में साधुओं, खासकर नागा बाबाओं के फोटो तक खींचना मना था। बाबा कैमरा देखते ही नाराज हो जाते थे।
  • 5 जेएलएफ में कई नामी हस्तियों ने शिकरत की और यहां आए लोगों ने उनके साथ सेल्फी भी ली
  • जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के समापन पर केन्द्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी की पुस्तक ‘डेल्यूशनल पॉलिटिक्स’ का विमोचन करते हुए राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कहा कि हमारी सरकार ने राजस्थान में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए किलों और हवेलियों से आगे बढ़ते हुए ‘जाने क्या दिख जाए’ लोगो के साथ कैम्पेन शुरू किया था।

जयपुर में साहित्य के महाकुंभ JLF का आगाज शंखनाद के साथ हुआ, जिसमें दुनियाभर से जुटे लेखकों ने शब्दों की बारिश की


जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में प्रसिद्ध गीतकार गुलजार और मेघना गुलजार ने पिता पुत्री के अपने रिश्ते के बारे में खुल कर बात की और इसके जरिए परवरिश के वो तरीके भी बताए जिनके जरिए बच्चों को बेहतर ढंग से बड़ा किया जा सकता है।


जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में ‘न्यू काइंड आॅफ ब्यूटी’ सत्र में मनीषा कोइराला ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ने के बाद हमेशा खूबसूरत दिखना बोझ बन गया था।


मुगल टैंट में आयोजित सत्र ‘कुम्भ दी ग्रेटेस्ट गेदरिंग आॅन अर्थ’ कुम्भ पर बातचीत हुई। इस दौरान हरीश त्रिवेदी ने कहा कि कुम्भ जब शुरू हुआ था तब 60 के दशक के दौरान कुम्भ में साधुओं, खासकर नागा बाबाओं के फोटो तक खींचना मना था। बाबा कैमरा देखते ही नाराज हो जाते थे।


5 जेएलएफ में कई नामी हस्तियों ने शिकरत की और यहां आए लोगों ने उनके साथ सेल्फी भी ली


जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के समापन पर केन्द्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी की पुस्तक ‘डेल्यूशनल पॉलिटिक्स’ का विमोचन करते हुए राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कहा कि हमारी सरकार ने राजस्थान में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए किलों और हवेलियों से आगे बढ़ते हुए ‘जाने क्या दिख जाए’ लोगो के साथ कैम्पेन शुरू किया था।


अन्य फोटो गैलरी